Sunday, 31 August 2014

बन्दे मातरम


माँ-बाप ,भाई-बहन ,पत्नी, बेटे-बेटी, गाँव की
सीमा के प्रहरियों तुम्हें सलाम देश जहान की
रख जान हथेली पे रखते लाज माँ के आन की
बुते तेरे महफ़ूज गुलिस्ताँ,चमन हिंदुस्तान की ।

''बन्दे मातरम'' ,''भारत माता की जय''
                                           शैल सिंह